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वायुयान की खोज कर इंसान ने पक्षियों को हवा में मात दे दी।
वही मोटर-गाड़ी की खोज ने जमीन में हिरण, चीता जैसे जंगली जानवरों को मात दे दी।
स्टीमर-पनडुब्बी से पानी मे मछलियों को मात दे दी गई।
इसके बाद..
जिंदगी की दौड़ में जीव जंतुओं को पीछे छोड़ने के बाद इंसान ने इनका परवाह करना बंद कर दिया और इसे नष्ट करना शुरू किया,,
यही हाल मानव समाज के अंदर भी है,,,
पैसा कमाने की रेस में अमीरों ने गरीबों को हरा दिया है,
अतः अब पूंजीपति वर्ग, मजदूर वर्ग की परवाह क्यो करे??
खैर महत्वपूर्ण प्रश्न यह नही है कि किसने किसको हरा दिया,,
बल्कि *असल प्रश्न यह है पैसे कमाने की अंधाधुन रेस में अब हारे हुए लोगों के साथ भी ,,, क्या वही सलूक होगा जो इंसानों ने जानवरों के साथ किया था।*
सोचनीय प्रश्न है ???🤔🤔🤔
धन्यवाद
🙏🙏🙏🙏🙏🙏🙏🙏

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