बच्चा सुबह जल्दी उठकर नहा धोकर रोज तैयार होने लगा और अपनी माँ से नास्ता माँगता
तब माँ कहती तू जल्दी मत नहाया कर, इस समय नास्ता नहीं बने रहता है।
बच्चा रोज पूजा पाठ करता, पिता ने चिढ़ाया हमारा बेटा पुजारी बनेगा।
शाम को 8 बजे बच्चा खाने के बाद जल्द सोने की जिद करता है,, लेकिन माँ को टी वी देखनी है, बच्चे को सुलाते तक उसका सीरियल खत्म हो जाएगा,,, इसलिए कहती तू इतनी जल्दी मत सोया कर।
बेटा बड़ा हुआ दिन भर मटरगश्ती करता बुरी संगत में फंसा रहता , रात 2 बजे तक जागता , सुबह 9 बजे उठता।
जिम्मेदार कौन??
दरअसल हर बच्चे में खुद से होकर कुछ अच्छी आदतें होती है,, समय के साथ वह पनपती भी है ...
...लेकिन जब पैरेंट्स ही उनकी अच्छी आदतों पर टोका टाकी कर दे तब परिणाम ऐसा ही आता है।
अतः बच्चों की अच्छी आदतों को प्रोत्साहित करें ,, खासकर मजाक न उड़ाये अन्यथा बच्चे आसानी से अच्छी आदतों से दूर हो जाते हैं।
धन्यवाद।।
🌸🌸🌸🌸🌸🌸🌸🌸
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें